लेख साहित्य

रफू

चलो कुछ रफू करते है
पहले अपनी आदते ही
रफू कर ले 🙌
अपनी सोच अपने
अंदाज़ को रफू कर ले
थोड़ा जज़्बात रफु कर ले
थोड़ी सी ज़िंदगी भी
रफू कर ले 🙌
किसी को उधेड़ने के
बजाय आओ सिल ले
छोटे से छेद को
आओ बन्द कर ले
वरना ये बढ़ जाएगा 🙌
दूसरा भी झाँकने
आ जायेगा
क्यों हम किसी को
मौका दे
खुद ही रिश्तों को
आओ तुरुप ले 🙌
वो छेद भी
बन्द हो जाएगा
कोई उसमें न
झांक पायेगा
साथ मे हर कोई
मुस्करायेगा 😊
सबके साथ से ही
जीने का मज़ा आएगा
जीने का मज़ा आएगा

समाज सेवी व लेखिका रेनुका सिंह

Live TV

GMaxMart.com

Our Visitor

1186526
Hits Today : 1041
LIVE OFFLINE
track image
Loading...