उत्तराखंड

संस्कार, शिक्षा और आधुनिक ज्ञान के साथ उज्ज्वल भविष्य का सुनहरा अवसर

देसंविवि उपलब्ध कराता है अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शिक्षा, शोध एवं रोजगार के नए अवसर

हरिद्वार। हरिद्वार देव संस्कृति विश्वविद्यालय में नए शैक्षणिक सत्र हेतु प्रवेश प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है। भारतीय संस्कृति, योग, नैतिक मूल्यों एवं आधुनिक शिक्षा के समन्वय के साथ विद्यार्थियों को उत्कृष्ट एवं मूल्यपरक शिक्षा प्रदान करने वाला यह विश्वविद्यालय युवाओं के उज्ज्वल भविष्य निर्माण के लिए विशेष पहचान रखता है।
विश्वविद्यालय में स्नातक, स्नातकोत्तर, डिप्लोमा तथा शोध पाठ्यक्रमों में प्रवेश के अवसर उपलब्ध हैं। यहाँ विद्यार्थियों को पाठ्यक्रम आधारित शिक्षा के साथ ही व्यक्तित्व विकास, नेतृत्व क्षमता, जीवन प्रबंधन एवं आध्यात्मिक चेतना से जुड़ी व्यावहारिक शिक्षा भी प्रदान की जाती है। अनुभवी शिक्षकों के मार्गदर्शन एवं आधुनिक शिक्षण पद्धति के माध्यम से विद्यार्थियों को ज्ञान और संस्कारों का समन्वित वातावरण प्राप्त होता है।
विश्वविद्यालय का शांत, अनुशासित एवं आध्यात्मिक वातावरण विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। योग, ध्यान, सांस्कृतिक गतिविधियाँ, सामाजिक सेवा, पर्यावरण संरक्षण एवं अनुसंधान आधारित शिक्षण इसकी प्रमुख विशेषताएँ हैं। यहाँ शिक्षा का उद्देश्य रोजगार के साथ ही विद्यार्थियों को नैतिक, जिम्मेदार एवं संवेदनशील नागरिक बनाना भी है।
यदि आप भी शिक्षा के साथ संस्कार, आत्मविश्वास एवं जीवन मूल्यों को अपनाकर अपने भविष्य को नई दिशा देना चाहते हैं, तो देव संस्कृति विश्वविद्यालय आपके लिए एक श्रेष्ठ विकल्प है। इच्छुक विद्यार्थी विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट एवं प्रवेश प्रकोष्ठ से संपर्क कर प्रवेश प्रक्रिया एवं पाठ्यक्रमों की विस्तृत जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पण्ड्या ने बताया कि विश्वविद्यालय ने भारत के अलावा अमेरिका, इंग्लैण्ड, स्वीटजरलैण्ड, रूस, सिंगापुर, जर्मनी, चीन, इटली, लातविया सहित 28 देशों के शताधिक शैक्षणिक संस्थानों तथा विभिन्न कॉरपोरेट जगत से समझौते किए हैं, जो विद्यार्थियों के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शिक्षा, शोध एवं रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराते हैं।

Share this post to -

Related Articles

Back to top button