जनभवन का गौ संरक्षण संदेश

लखनऊ। राज्यपाल आनंदी बेन पटेल गौवंश संरक्षण के प्रति संवेदनशील है। इस क्रम में उन्होंने जन भवन परिसर में हाइड्रोपोनिक चारा उत्पादन इकाई का उद्घाटन किया। यह यह इकाई जन भवन गौशाला में गौवंशों को वर्ष भर मानक के अनुरूप पर्याप्त, पौष्टिक एवं रसायन मुक्त हरा चारा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से स्थापित की गई है। यह गौवंशों के संरक्षण एवं उनके बेहतर पोषण की आधुनिक एवं वैज्ञानिक तकनीक है। राज्यपाल पर्यावरण संरक्षण, जल संरक्षण एवं सतत कृषि प्रणाली को बढ़ावा देते हुए गौसेवा को अधिक प्रभावी बनाने का आह्वान करती हैं।
इसके अनुरूप कम पानी,कम स्थान एवं कम समय में अधिक पौष्टिक हरा चारा उपलब्ध कराने वाली हाइड्रोपोनिक प्रणाली को जन भवन में स्थापित किया गया है।यह हाइड्रोपोनिक चारा उत्पादन इकाई प्रतिदिन लगभग 100 किलोग्राम हरा चारा उत्पादन करने में सक्षम है। इस प्रणाली में मक्का, जौं, जई (ओट्स) एवं गेहूँ आदि का चारा उत्पादित किया जा सकता है। बीज बुआई से चारा उत्पादन तक की प्रक्रिया 08 दिनों में पूर्ण होती है तथा चक्रीय प्रणाली के माध्यम से प्रतिदिन हरा चारा उपलब्ध होता रहेगा।हाइड्रोपोनिक प्रणाली की विशेषता यह है कि इसमें पारंपरिक खेती की तुलना में अत्यंत कम पानी एवं कम स्थान की आवश्यकता होती है। साथ ही, इस प्रणाली में किसी भी प्रकार के रसायन का उपयोग नहीं किया जाता, जिससे उत्पादित चारा पूर्णतः रसायन मुक्त एवं अधिक पोषक तत्वों से युक्त होता है। प्रतिकूल मौसम का भी इस उत्पादन प्रणाली पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता, जिससे वर्ष भर निर्बाध रूप से हरा चारा उपलब्ध कराया जा सकेगा।



